loading...
Breaking News
recent

ओलिंपिक में सिल्‍वर जीतने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बनीं पीवी सिंधु

रियो डि जेनेरो: रियो ओलिंपिक में महिला सिंगल्स बैडमिंटन के फाइनल में पीवी सिंधु को वर्ल्ड नंबर वन कैरोलिना मारिन के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा और वह भारत के लिए गोल्ड जीतने से वंचित रह गईं. हालांकि उनके खाते में सिल्वर आया है, जो अपने आप में भारत के लिहाज से एक रिकॉर्ड हैं. वह ओलिंपिक में बैडमिंटन में सिल्वर जीतने वाली देश की पहली महिला बन गई हैं. उनसे पहले देश की सभी 4 महिला खिलाड़ियों (कर्णम मल्लेश्वरी, एमसी मैरीकॉम, साइना नेहवाल और साक्षी मलिक) ने ओलिंपिक में ब्रॉन्ज ही जीता था. मारिन ने सिंधु को 19-21, 21-12 और 21-15 से हराया. पहले गेम में सिंधु ने शानदार खेल दिखाते हुए वापसी की थी और जीत दर्ज कर ली थी, लेकिन वह दूसरे और तीसरे सेट में वर्ल्ड नंबर वन खिलाड़ी का सामना नहीं कर पाईं.     कैसे बनाए क्रिकेट में करियर, क्रिकेट बनें


 ओलिंपिक में सिल्‍वर जीतने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बनीं पीवी सिंधु  
( Pv Sindhu ) Rio Olympics 2016 In Hindi

एयर इंडिया में निकली ढेरों भर्तियां जानने के लिए क्लिक करें
निर्णायक गेम : मारिन ने सिंधु को एकतरफा अंदाज में हराया
तीसरे गेम में भी मारिन ने बढ़त बनाई..सिंधु कुछ रक्षात्मक खेलती नजर आईं..मारिन ज्य़ादातर समय हावी दिखीं..उनको देखकर लगा कि वह क्यों वर्ल्ड नंबर वन हैं...मारिन के आक्रामक शॉट्स का सिंधु के पास जवाब नजर नहीं आया..वह काफी थकी हुई भी लगीं..लंबी रैली से सिंधु ने दबाव भी बनाया..मारिन ने बढ़त 6-2 कर ली..इस बीच सिंधु ने वापसी की कोशिश की, लेकिन उनके शॉट सेमीफाइनल की तरह सटीक नहीं लग रहे थे. मारिन ने क्रॉस कोर्ट शॉट के साथ ही सिंधु को नेट पर खूब छकाया..उनके खेल की रफ्तार भी काफी तेज रही. सिंधु थकी हुई नजर आईं और गेम पर से उनकी पकड़ ढीली पड़ती गई. सिंधु ने एक समय स्कोर को 10-10 से बराबर भी किया. मारिन को पैर में दिक्कत हुई और वह लंगड़ाकर चलती दिखीं, लेकिन फिर रिकवर कर लिया. इसके बाद उऩ्होंने लगातार 3 अंक लेकर बढ़त 13-10 कर ली. इसके बाद सिंधु ने फिर जोर लगाया और स्कोर 14-16 कर दिया. सिंधु ने अच्छी वापसी की थी.. लेकिन मारिन उनसे चालाक निकलीं और उन्होंने सिंधु की थकान का पूरा फायदा उठाया. फिर 19-14 से बढ़त बनाकर सिंधु को मौका नहीं दिया. सिंधु ने 15-20 पर मैच पॉइंट बचाया, लेकिन यह काफी नहीं रहा और गोल्ड उनके हाथ से फिसल गया. मारिन ने सिंधु को तीसरे गेम में 21-15 से हराया..गोल्ड पर कब्जा कर लिया...यह गेम 31 मिनट चला... 


Kalpana Saroj 2 रुपये से 500 करोड़ तक
दूसरा गेम : मारिन की आक्रामक जीत
दूसरे गेम की शुरुआत में ही मारिन ने लगातार 4 अंक की बढ़त बना ली थी. पहला गेम हार चुकीं मारिन इस गेम में काफी आक्रामक नजर आईं..पहले गेम में वह 18-19 तक आगे थीं, लेकिन सिंधु ने जोरदार वापसी करते हुए गेम जीत लिया था..मारिन ने दूसरे गेम में शॉर्ट स्मैश का सहारा लेना शुरू किया और लीड 6-1 की कर ली..सिंधु ने इस बीच मारिन को नेट पर छकाया और एक अंक लेकर स्कोर 2-7 कर लिया..सिंधु ने फिर गलती की..(स्कोर 2-8).. सिंधु नेट पर फंसती नजर आईं..मारिन ने उन्हें बार-बार नेट पर खिलाया और उन्हें सफलता भी मिली. 8 मिनट के खेल में मारिन ने 11-2 की बड़ी बढ़त बना ली थी...सिंधु  मारिन के शॉर्ट स्मैश के सामने कमजोर नजर आईं..(स्कोर 13-5)..इस बीच कोच गोपीचंद ने सिंधु को नेट से दूर खिलाने का संकेत दिया..सिंधु ने लंबी रैली में एक अंक भी लिया (स्कोर 14-6)..लेकिन मारिन ने सिंधु की नेट की कमजोरी पर फिर एक अंक ले लिया..(स्कोर- 14-7)..मारिन का करारा शॉट..15-7 से आगे..सिंधु का क्रॉस कोर्ट रिटर्न एक अंक.. (8-15)..मारिन ने स्कोर 16-8 किया..सिंधु का हाफ स्मैश मारिन नहीं संभाल पाईं और सिंधु को एक अंक मिला.18वें मिनट में मारिन 18-9 से आगे थीं. इस गेम में मारिन ने सिंधु को उनकी मजबूती में ही फंसाया और लंबी रैली में 2 अंक और ले लिए..(स्कोर 21-12)..दूसरा गेम मारिन ने जीता...यह गेम 22 मिनट तक चला..  


पहला गेम : रोमांचक मुकाबले में सिंधु की 21-19 से जीत
पहले गेम का पहला अंक मारिन ने लिया, इसके बाद सिंधु ने दो अंक जुटाते हुए बढ़त बना ली. मारिन ने सिंधु की नेट पर कमजोरी को भांपते हुए उन्हें वहीं उलझाया..उनकी बढ़त 5-2 हो गई..सिंधु दबाव में नजर आईं और गलती कर बैठीं. मारिन ने इसका फायदा उठाया (स्कोर- 7-3)..सिंधु ने इस बीच एक अंक लिया, फिर मारिन ने भी अंक हासिल कर बढ़त लेकर 4 अंक आगे कर लिया..सिंधु ने इसके बाद दो अंक और जुटा लिए, जबकि मारिन को भी 2 अंक मिले..सिंधु ने लंबी रैली में भी गलतियां कीं, मारिन पहले 10 मिनट में सिंधु पर हावी नजर आईं...शॉर्ट ब्रेक के बाद सिंधु ने कुछ जोर लगाया और स्कोर को कवर करते हुए 8-12 कर लिया..इसके बाद सिंधु ने रिकवरी करनी शुरू की और अच्छे पुश शॉट खेले. मारिन ने बॉडी स्मैश के साथ बढ़त को 15-11 किया..इस बीच सिंधु को 3 अंक और मिले, जबकि मारिन को एक अंक मिला... (स्कोर- 14-16) मारिन ने फॉल्ट किया और सिंधु को एक अंक और मिल गया (स्कोर- 15-16)..21वें मिनट में लंबी रैली चली और उसे सिंधु ने जीत लिया..स्कोर 16-17 हो गया..इस बीच सिंधु का एक शॉट मारिन के कोर्ट के बाहर चला गया..सिंधु ने रेफरल मांगा, लेकिन उनके पक्ष में नहीं गया..(स्कोर- 16-18).. मारिन ने थोड़ी लंबी चली रैली में जोरदार शॉट लगाकर पकड़ बना ली..(स्कोर-16-19)...पहला सेट रोमांचक दौर में पहुंच गया... स्कोर- 18-19 हुआ..इसके बाद सिंधु ने लगातर 3 अंक लेकर बढ़त बना ली और पहला गेम 27वें मिनट में जीत लिया....


सुरों के बादशाह सोनू निगम की बायोग्राफी'बिंद्रा के गोल्डन क्लब' में नहीं पहुंच सकीं
पीवी सिंधु ने सिल्वर मेडल तो पहले ही पक्का कर लिया था और उनकी नजर शूटर अभिनव बिंद्रा के क्लब में शामिल पर थी, लेकिन वह गोल्ड नहीं जीत पाईं और इससे वंचित रह गईं. बिंद्रा ने बीजिंग ओलिंपिक, 2008 में गोल्ड जीता था और वह व्यक्तिगत स्पर्धा में गोल्ड जीतने वाले इकलौते भारतीय हैं. 


बैडमिंटन फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय
ओलिंपिक बैडमिंटन फाइनल में पहुंचने वाली पीवी सिंधु देश की पहली खिलाड़ी रहीं. उनसे पहले साइना नेहवाल ओलिंपिक सेमीफाइनल में पहुंचने वाली पहली खिलाड़ी थीं. सिंधु ने गुरुवार रात को सेमीफाइनल में छठी रैंकिंग वाली जापान की नोजोमी ओकुहारा को सीधे सेटों में 21-19 और 21-10 से हराया था. क्वार्टर फाइनल में वर्ल्ड नंबर दो और लंदन ओलिंपिक की रजत पदक विजेता वांग यिहान को हराने के बाद पीवी सिंधु के हौसले बुलंद थे.

सेमी में वर्ल्ड नंबर 6, तो क्वार्टर में वर्ल्ड नंबर 2 को हराया
रियो ओलिंपिक में बैडमिंटन के महिला वर्ग में पीवी सिंधु ने जहां सेमी में वर्ल्ड नंबर 6 जापान की नोजोमी को हराया, वहीं क्वार्टर फाइनल में वर्ल्ड नंबर दो वांग यिहान को 22-20, 21-19 से हराया था. प्री-क्वार्टरफाइनल में ताइपेइ की यिंग जू ताइ को सीधे गेम में हराया. यह मैच उन्‍होंने सीधे सेटों 21-13, 21-15 में जीता. पूरे मैच में सिंधु को दबदबा रहा. उनको यह मैच जीतने में बहुत मशक्‍कत नहीं करनी पड़ी थी.

  हालांकि वर्ल्ड चैंपियनशिप में दो बार कांस्य जीत चुकीं पीवी सिंधु को अपना दूसरा ग्रुप मैच जीतने के लिए एक घंटा 11 मिनट तक कठिन संघर्ष करना पड़ा था. सिंधु ने पहले गेम में कनाडा की मिशेल ली को कड़ी चुनौती दी और हार मानने से पहले 24 मिनट तक संघर्ष किया. इसके बाद दोनों सेट जीतकर प्री-क्वार्टर फाइनल (राउंड ऑफ-16) में जगह बना ली. सिंधु ने ली को 19-21, 21-15, 21-17 से हराया.

पीवी सिंधु ने अपने पहले मैच में शानदार जीत दर्ज की थी और हंगरी की लौरा सारोसी को सीधे गेम में 21-8, 21-9 से हराया था. ओलिंपिक में सिंधु को नौवीं रैंकिंग मिली है. उन्होंने ग्रुप-एम के अपने पहले मैच में दमदार प्रदर्शन करते हुए पहला गेम 13 मिनट में और दूसरा गेम 14 मिनट में अपने नाम किया था.
 
 

करोड़ो की कम्पनी के मालिक है ये बच्चे
loading...

No comments:

Powered by Blogger.