Naya Saal Kyu Manate Hai - क्यों मनाया जाता हैं नया साल?

Naya Saal Kyu Manate Hai - क्यों मनाया जाता हैं नया साल? - नया साल जिसका सभी को बेसब्री से इंतजार रहता है। चाहे वह बच्चे हों या फिर बड़े हों, हर कोई नए साल के आागमन का इंतजार करता है। नया साल का मतलब होता है, साल का पहला दिन जो कि 1 जनवरी को दुनिया के ज्यादातर देशों में बनाया जाता है। इसी दिन के साथ दुनिया भर के ज्यादातर लोग अपने नए साल की शुरुआत करते हैं।

क्यों मनाया जाता हैं नया साल – Why do we Celebrate New Years

नया साल सबके जीवन में नई खुशियां, नई चाहतें, नयी उमंगें और नई सोच और उत्साह लेकर आता है, इसके साथ ही नया साल नए तरीके से जीवन जीने का संदेश भी देता है।
नए साल पर लोग अपने मन के अंदर से नकारात्मक भावनाओं को खत्म करके एक नए सिरे से नई और सकारात्मक सोच के साथ अपनी जिंदगी में आगे बढ़ते हैं। क्योंकि व्यक्ति सकरात्मकता सोच के साथ ही सफल जीवन का निर्वाह कर सकता है। वहीं एक सफल और कामयाब इंसान के पीछे उसकी सकारात्मक सोच ही होती है।

नया साल कब होता हैं – When is New Years Day

नए साल का जश्न दुनिया के अलग अलग देशों में अलग-अलग दिन मनाया जाता है, क्योंकि दुनियाभर में कई अलग-अलग कैलेंडर हैं और हर कैलेंडर में नया साल अलग अलग दिनों में आता है। 1 जनवरी को नए साल के रुप में मनाया जाने वाला कैलेंडर ग्रागोरिया पर आधारित है, जिसकी शुरुआत रोमन कैलंडर से हुई है।
हालांकि हिन्दू पंचांग के मुताबिक नया साल 1 जनवरी से शुरू नहीं होता है, बल्कि हिन्दू नववर्ष का आगाज गुड़ी पड़वा से होता है। 1 जनवरी को नया साल मनाने को लेकर ऐसी मान्यता है कि यह अलग-अलग धर्म और समुदाय के लोगों को एक करने में मद्द करता है, यानि कि एकता कायम करने में भी इसे काफी अहम माना गया है।
क्योंकि सभी लोग मिलकर, एक जगह पर इकट्ठा होकर इस दिन का जश्न मनाते हैं। पुराने साल के आखिरी दिन 31 दिसंबर की रात से ही लोग नए साल के आगमन का जश्न मनाना शुरु कर देते हैं और इस रात को लोग घड़ी पर टकटकी लगाए बैठे रहते हैं और 12 बजते ही सभी को एक-दूसरे को नए साल की बधाई देते हैं और अपने दोस्तों, रिश्तेदारों और दोस्तों के खुशी जीवन की कामना करते हैं।
इसके अलावा लोग आतिशबाजी कर नए साल का स्वागत करते हैं। नए साल में अपने अंदर की बुराईयों को खत्म कर नए तरीके से नए संकल्प के साथ नए जीवन की शुरुआत करते हैं।
नए साल के पहले दिन 1 जनवरी को लोग इसलिए जोर-शोर से जश्न मनाते हैं, ताकि साल का हर एक दिन खुशियों से बीते, वहीं कई लोग इस दिन नए कपड़े भी पहनते हैं, पूजा अनुष्ठान करवाते हैं और मिठाई खिलाकर एक-दूसरे का मुंह मीठा करते हैं। इसके अलावा स्कूलों में नए साल पर निबंध (New year Essay)और भाषण (New year Speech) की कॉम्पीटिशन होती हैं।
हर कोई अपने-अपने तरीके से नए साल का जश्न मनाता है। दरअसल नया साल मनाने के पीछे यह माना गया है कि अगर साल का पहला दिन जोश, उत्साह और खुशी के साथ मनाया जाए, तो साल भर इसी उत्साह और खुशियों के साथ ही बीतेगा।
नए साल के मौके पर कोई अपने परिवार वालों के साथ घर पर ही रह कर एक साथ वक़्त व्यतीत करता है और घर पर ही तरह-तरह के पकवान बनाकर स्वादिष्ट भोजन का आनंद उठाता है तो कोई अपने दोस्तों के साथ बाहर पिकनिक मनाने जाता है। वहीं आजकल नए साल पर केक काटने का ट्रेंड भी है।
वहीं कोई अपने परिवार वाले या फिर करीबियों के साथ कहीं घूमने जाने की प्लानिंग करता है तो कोई नए साल में मूवी देखने जाने का प्रोग्राम रखता है। यानि कि हर कोई इस दिन को अपने-अपने तरीके से खास मनाने की कोशिश करता है ताकि उसका पूरा साल खास तरीके से बीते।
वहीं अगर बड़े-बड़े सेलिब्रिटीज या फिर मशहूर हस्तियों की बात करें तो वे लोग भी इस दिन खास तरीके की पार्टी कर इसका जश्न मनाते हैं या फिर अपने परिवार वालों के साथ अपना समय व्यतीत करते हैं। कई लोग इस दिन गरीब लोगों को खाना भी खिलाते हैं या फिर उन्हें कंबल, कपड़े आदि वस्तुएं बांटते हैं।
जैसे कि हम सभी जानते हैं कि नया साल का जश्न किसी बड़े उत्सव और त्योहार की तरह मनाया जाता है। नया साल हर किसी की जीवन में नई खुशियां, नई ऊर्जा और नई उमंग लेकर आता है।
नए साल के मौके पर लोग अपने दोस्तों और रिश्तेदारों को तरह-तरह के ग्रीटिंग्स और गिफ्ट्स भी देते हैं। लेकिन अब समय के साथ-साथ नया साल मनाने का तरीका भी बदलता जा रहा है। अब ग्रींटिग्स का चलन कम होता जा रहा है, तो वहीं सोशल मीडिया जैसे कि फेसबुक, व्हाट्सऐप और इंस्ट्राग्राम पर नए साल की धूम दिखाई देती है।
365 दिन के बाद हर बार नया साल आता है और हर साल चला जाता है। लेकिन हर साल के आखिरी में लोग अपने पूरे साल का आकलन करते हैं कि उन्होंने पूरे साल क्या हासिल किया है क्या खोया है। इसके साथ ही लोग अपने आने वाले साल को और ज्यादा बेहतर बनाने की कोशिश में लग जाते हैं।
हर किसी की जिंदगी में उतार-चढ़ाव आते हैं। नया साल किसी के लिए खुशियां लेकर आता है तो किसी का साल बेहद दुख में बीतता है। इसलिए हर किसी को साल का महत्व समझना चाहिए और इसे बीते साल से बेहतर बनाने की कोशिश करनी चाहिए। क्योंकि नया साल ही वो समय होता है जब इंसान एक नई सोच के साथ अपना जीवन व्यतीत करने के बारे में सोचता है।
इसके साथ ही नए साल में हमें अपनी परेशानियों का हल निकालने के बारे में सोचना चाहिए और अपनी गलतियों को सुधारने की कोशिश करनी चाहिए। इसके अलावा अगर बीते हुए साल में अपने किसी रिश्तेदार और करीबी दोस्त से मन खट्टा हो गया है या फिर रिश्ते खराब हो गए हैं तो उन रिश्तों को जोड़ने और पहले से ज्यादा मजबूत करने की कोशिश करनी चाहिए।
इसी के साथ लोग बीते हुए साल में बुरी यादों और दुखद पल को भूलकर और बीते साल में की गई अपनी गलती से सीखकर अपने आने वाले साल को सुखद और सफल बनाने की कोशिश करते हैं। नए साल में जीवन में सफलता, ढेर सारी खुशियां, नई उम्मीदें, नए सपने , नए लक्ष्य और नए आइडियाज के साथ लोग नए साल का जश्न मनाते हैं।
इसके अलावा नए साल की खुशी में अलग-अलग जगहों पर कार्यक्रमों का भी आयोजन होता है, ताकि लोग हंसते-हंसते अपने पुराने साल को अलविदा कर सकें और नए साल का नए जोश और नई उम्मीद के साथ स्वागत कर सकें।
ज्ञानी पंडित की पूरी टीम आप सभी पाठकों के लिए यही तहे दिल से यही कामना करती है कि नया साल आप लोगों के लिए ढेर सारी खुशियां और उत्साह लेकर आए।

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